पब्लिक स्वर,खैरागढ़। खैरागढ़ जिले में वन्यजीवों के अवैध शिकार का एक गंभीर मामला सामने आया है। वन विभाग ने ग्राम खुड़मुड़ी में कार्रवाई करते हुए जंगली सूअर के शिकार और उसके मांस को पकाने के आरोप में चार लोगों को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि एक किसान ने अपने खेत में बिजली का करंट बिछाकर जंगली सूअर को मौत के घाट उतारा, जिसके बाद उसका मांस गांव में पकाया जा रहा था।
वन विभाग के अनुसार, उन्हें गुप्त सूचना मिली थी कि गांव में किसी वन्यजीव का शिकार किया गया है। सूचना की पुष्टि के बाद विभागीय टीम ने तलाशी वारंट के साथ ग्राम खुड़मुड़ी में दबिश दी। जांच के दौरान एक घर में मांस पकाया जाता मिला। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि यह मांस जंगली सूअर का है।
खेत में बिछाया था बिजली का जाल
पूछताछ में सामने आया कि गांव के निवासी पेखन वर्मा ने अपने निजी खेत में बिजली का कनेक्शन लगाकर करंट का जाल बिछाया था। इसी जाल की चपेट में आने से एक जंगली सूअर की मौत हो गई। इसके बाद शिकार किए गए जानवर का मांस गांव में लाकर पकाया जा रहा था।
वन विभाग की टीम ने मौके से जंगली सूअर का मांस, एक बसूला, दो कुल्हाड़ियां, एक हंसिया और तीन कड़ाहियां जब्त की हैं। जांच के बाद पेखन वर्मा, बुजलाल कंवर, सेवनदास और मेन कुमार को आरोपी बनाया गया।
वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत कार्रवाई
वन विभाग ने सभी आरोपियों के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम, 1972 के तहत मामला दर्ज किया है। आरोपियों को न्यायालय में पेश किए जाने के बाद 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में उपजेल सलोनी भेज दिया गया है।
वन विभाग ने दी सख्त चेतावनी
खैरागढ़ के डीएफओ पंकज राजपूत ने कहा कि वन्यजीवों के अवैध शिकार के खिलाफ विभाग का अभियान लगातार जारी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वन्यजीव संरक्षण कानून का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा।
बढ़ती चिंता का विषय है करंट से शिकार
विशेषज्ञों के अनुसार, खेतों में बिजली का करंट बिछाकर वन्यजीवों का शिकार करना न केवल कानूनन अपराध है, बल्कि यह इंसानों और मवेशियों के लिए भी जानलेवा साबित हो सकता है। कई मामलों में ऐसे अवैध बिजली जाल की चपेट में ग्रामीण और पशु भी आ चुके हैं। यही वजह है कि वन और बिजली विभाग समय-समय पर इस तरह की गतिविधियों के खिलाफ अभियान चलाते रहते हैं। फिलहाल, वन विभाग मामले की विस्तृत जांच कर रहा है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि शिकार की इस घटना में अन्य लोग भी शामिल थे या नहीं।

User 1











