पब्लिक स्वर,छत्तीसगढ़। पब्लिक स्वर की खबर का असर एक बार फिर साफ दिखाई दिया है। सिरपुर में प्राचीन स्मारकों के संरक्षण कार्य में हो रही लापरवाही और गड़बड़ी के मामले में पुरातत्व विभाग ने आखिरकार औपचारिक कार्रवाई के लिए पहला कदम उठाया है। विभाग ने ठेकेदार एम/एस माँ शारदा कंस्ट्रक्शन को चेतावनी नोटिस जारी किया है, जिसमें कार्य निष्पादन में लगातार हो रहे विलंब और गुणवत्ता में कमी पर गंभीर आपत्ति जताई गई है।
क्या औपचारिक नोटिस से होगी कार्यवाही,आखिर कब होगा ठेकेदार ब्लैकलिस्ट
विभाग के अनुसार, ठेकेदार द्वारा अनुबंध की शर्तों का पालन न करने से न केवल कार्य की गति प्रभावित हुई है, बल्कि इससे विभाग को आर्थिक नुकसान और प्रतिष्ठात्मक हानि भी उठानी पड़ रही है। विभाग ने साफ कहा है कि यदि निर्धारित समयसीमा के भीतर कार्य में सुधार नहीं हुआ, तो भुगतान रोकने और अनुबंध समाप्त करने जैसी सख्त कार्रवाई की जाएगी।
नोटिस में जीएफआर 2017 के नियम 204 और 205 का हवाला देते हुए ठेकेदार को अनुबंध की शर्तों के अनुसार कार्य को समयबद्ध रूप से पूरा करने के लिए कहा गया है।
अब बड़ा सवाल यह है कि
क्या विभाग इस नोटिस के बाद अन्य परियोजनाओं में ठेकेदार द्वारा की गई गड़बड़ियों की भी जांच करेगा, या फिर यह कार्रवाई सिर्फ औपचारिक दिखावा बनकर रह जाएगी?क्या ठेकेदार को ब्लैक लिस्ट कर उससे रिकवरी की जाएगी।क्योंकि न सिर्फ पुरातत्व विभाग बल्कि संस्कृति एवं पुरातत्व विभाग के मुक्तांगन को भी नहीं छोड़ा है ठेकेदार ने।
यहां तक कि क्या विभाग राहुल तिवारी,खमारी सहित अन्य अधिकारियों द्वारा की गई अनियमितता की जांच कर कार्यवाही करेगा यह बड़ी बात है।
अगली खबर में देखिए कौन है विभाग के अधिकारी अरुण राज
1.अरुण राज ने कैसे ठेकेदार के रिश्तेदार को दिलाई नौकरी
2.क्यों हुई थी अरुण राज पर FIR
पब्लिक स्वर की टीम लगातार इस मामले में अपडेट इस मामले में अपडेट देते रहेगी बने रहें हमारे साथ।

Public Swar Desk











